इरफान खान के वो जबरदस्त डायलॉग, जो तालियां पीटने पर कर देंगे मजबूर

इरफान खान भले ही अब इस दुनिया से कूंच कर गए हों, लेकिन अपनी पीछे वो फिल्मों की विरासत छोड़ गए हैं। इन फिल्मों में इरफान की दमदार अदायगी और डायलॉग्स की भरमार है। आइए डालते हैं एक नज़र इरफान के बेहतरीन डायलॉग्स पर। 

irrfan khan's famous dialogues
लंबे समय से न्यूरोएंडोक्राइन कैंसर से जूझने के बाद आखिरकार बुधवार 29 अप्रैल को इस दुनिया से विदा हो गए। अंतर्राष्ट्रीय मनोरंजन जगत के लिए एक बड़ी क्षति है। इरफान के जाने का दुख उनके परिवार के साथ मनोरंजन से जुड़े हर शख्स को है। 

इरफान ने अपने करियर की शुरुआत साल 1988 में आई मारी नायर की फिल्म 'सलाम बॉम्बे' से की थी और अपने सिने करियर में उन्होंने तकरीबन 150 से ज्यादा फिल्में की हैं। इरफान को पर्दे पर आखिरी बार फिल्म 'अंग्रेजी मीडियम' में देखा। 

वहीं हॉलीवुड फिल्म 'द विक्ड पाथ' में वो स्कूल प्रिंसिपल की भूमिका करने वाले थे। सलीम खासा के निर्देशन में बनने वाली फिल्म में इरफान के अलावा रॉबर्ट क्लोसी, केन, माइल्स क्लोसी, किंबरले मैगनेस अहम किरदार निभा रहे हैं। यह फिल्म प्रीप्रोडक्शन फेज में थी।

इरफान ने अपनी फिल्मों में हीरो या फिर विलेन किसी भी किरदार को पूरी शिद्दत से निभाया और हालात तो यह हैं कि उनके डायलॉग डिलीवरी के लोग कायल हैं। यहां कि फिल्म 'मकबूल' में वो कई बार पंकज कपूर पर भी हावी होते दिखे। 

फिर आइए उनके कुछ मशहूर डायलॉग्स को एक बार फिर दोहराते हैं। 


'पिस्तौल की गोली और लौंडिया की बोली, जब चलती है, तो जान दोनों में ही खतरे में होती है।'
फिल्म-गुंडे

'ग़लतियां भी रिश्‍तों की तरह होती हैं, करनी नहीं पड़ती, हो जाती हैं।'
फिल्म- डी डे


'शराफत की दुनिया का किस्‍सा ही खतम, अब जैसी दुनिया वैसे हम' 
फिल्म - जज़्बा

'शराफत की दुनिया का किस्‍सा ही खतम, अब जैसी दुनिया वैसे हम।'
फिल्म - पान सिंह तोमर

'हमारी तो गाली पर भी ताली पड़ती है और आज भी हमें राजा भैया बुलाया जाता है।'
फिल्म- साहेब बीवी और गैंगस्टर

'किसी भी बेगुनाह को सजा मिलने से अच्छा है दस गुनहगार छूट जायें।'
फिल्म - तलवार

'आदमी जितना बड़ा होता है... उसके छुपने की जगह उतनी ही कम होती है।'
फिल्म - कसूर

'बड़े शहरों की हवा और छोटे शहरों का पानी, बड़ा खतरनाक होता है।'
फिल्म- द किलर

'लोग सुनेंगे तो क्‍या कहेंगे, चू#$%$ आशिकी के चक्कर में मर गया, और लौन्डिया भी नहीं मिली।'
फिल्म- ये साली ज़िंदगी

'शैतान की सबसे बड़ी चाल ये है कि वो सामने नहीं आता।'
फिल्म - चॉकलेट

'आप जिस्म है तो मैं रुह, आप फानी में लफानी।'
फिल्म-हैदर

'ये शहर हमें जितना देता है, बदले में कहीं ज्‍यादा हम से ले लेता है।'
फिल्म- लाइफ इन मैट्रो

'और जान से मार देना बेटा, हम रह गये ना, मारने में देर नहीं लगायेंगे, भगवान कसम।'
फिल्म- हासिल

'डेथ और शिट, किसी को, कहीं भी, कभी भी, आ सकती है।'
फिल्म-पीकू

'आई थिंक वी फॉरगेट थिंग्‍स इफ देयर इज नो बॅडी टू टेल देम।'
फिल्म- द लंच बॉक्स

'हंगर कैन चेंज एवरीथिंग यू थॉट यू न्यू आउट योअरसेल्‍फ।'
फिल्म-लाइफ ऑफ पाई

'द की टू ए हैप्‍पी लाइफ इज टू एक्‍सेप्‍ट यू आर नेवर एक्‍चुअली इन कंट्रोल।'
फिल्म- जुरासिक वर्ल्ड

'तुम मेरी दुनिया छीनोगे, मैं तुम्‍हारी दुनिया में घुस जाऊंगा।'
फिल्म- मदारी

'एक फ्रांस बंदा, जर्मन बंदा स्‍पीक रॉन्‍ग इंग्‍लिश, वी नो प्रॉब्‍लम, एक इंडियन बंदा से रॉन्‍ग इंग्‍लिश, बंदा ही बेकार हो जाता है जी।'
फिल्म - हिन्दी मीडियम

'टोटल तीन बार इश्‍क किया, और तीनों बार ऐसा इश्‍क मतलब जानलेवा इश्‍क, मतलब घनघोर हद पार।'
फिल्म- करीब करीब सिंगल 

'तो उन्होंने हमें ज़िंदा दफन कर दिया यह सोचकर कि हम मर जाएंगे, लेकिन उन्हें पता नहीं था कि हम तो बीच हैं हमारा दफन होना हमारी विलादत है।'
फिल्म- कारवां

'न साब सरकार तो चोर है, जेइ बात से तो हम सरकारी नौकरी छोड़ फौज में हैं। आर्मी को छोड़ कर सब का सब चोर हैं।'
फिल्म- पान सिंह तोमर

'बीहड़ में बागी होते हैं, डकैत मिलते हैं पार्लियामेंट में।'
फिल्म- पान सिंह तोमर

'बड़े शहरों की हवा और छोटे शहरों का पानी, बड़ा खतरनाक होता है।'
फिल्म - द किलर 

'आप जिस्म हैं, तो मैं रूह हूं, आप फानी मैं लाफानी।'
फिल्म- हैदर 

'रिश्तों में भरोसा और मोबाइल में नेटवर्क ना हो तो लोग गेम खेलने लगते हैं।'
फिल्म - जज़्बा

'लकीरें बहुत अजीब होती हैं... अगर खाल पे खिंच जाए तो खून निकाल देती है और ज़मीन पर खिंच जाए तो सरहद बना देती है।'
फिल्म- गुंडे

'चांद पर बाद में जाना जमाने वालों, पहले धरती पर रहना सीख लो।'
फिल्म- साहेब बीवी और गैंगस्टर

'ये हैडमास्टर... हैडमास्टर नहीं बिजनेसमैन हैं... और आजकल पढ़ाई-पढ़ाई नहीं ये धंधा है।'
फिल्म- हिंदी मीडियम

'प्यार अंधा होता है और प्यार में पड़ने वाले उससे बड़े अंधे होते हैं।'
फिल्म- डी डे

'अबे मोहब्बत है, इसलिए जाने दिया, अगर जिद होती तो बाहों में होती।'
फिल्म - जज़्बा

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