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करण जौहर का टूटा सपना, ‘मेलूहा’ पर संजय लीला भंसाली बनाएंगे फिल्म

अरसे से ख़बरें थीं कि करण जौहर ‘शुद्धि’ नाम की फिल्म बनाने जा रहे हैं। यह फिल्म मशहूर उपन्यासकार अमीश त्रिपाठी की किताब ‘मेलूहा के मृत्युंजय’ पर होगी, लेकिन अब ख़बरें हैं कि इस किताब के राइट्स फिल्ममेकर संजय लीला भंसाली ने ख़रीद लिए हैं।

अमीश त्रिपाठी के उपन्यास ‘मेलूहा के मत्युजंय’ के राइट्स संजय लीला भंसाली ने खरीद लिए थे। करण जौहर की फिल्म ‘शुद्धि’ के डिब्बाबंद होने की ख़बरें हैं।
मुंबई। करण जौहर के लिए फिल्म ‘शुद्धि’ किसी नासूर की तरह ही हो गई थी। किसी न किसी वजह से फिल्म अटक ही रही थी। जब से करण ने इस फिल्म को लेकर घोषणा की थी, तब से लगातार कास्ट में परिवर्तन देखने को मिल रहे थे।

फिल्म में सबसे पहले ऋतिक रोशन और करीना कपूर का नाम सुनने को मिला था, फिर सलमान खान का नाम सामने आया। लेकिन इसके बाद भी फिल्म शुरू नहीं हो पाई। आखिरकार फिल्म ‘शुद्धि’ के लिए वरुण धवन और आलिया भट्ट का नाम फाइनल कर दिया। लेकिन तब जिस उपन्यास पर करण फिल्म बनाने निकले थे, उसके राइट्स की तारीख ही निकल गई। 

ग़ौरतलब है कि अमीश त्रिपाठी के उपन्यास ‘मेलूहा के मृत्युंजय’ पर करण ‘शुद्धि’ नाम की फिल्म बनाने निकले थे। करण के प्रोडक्शन हाउस ने इस किताब के राइट्स भी ख़रीद लिए थे। लगातार ख़बरों में तो रही यह फिल्म, लेकिन फ्लोर पर जा न सकी। 

फिल्म बनने में होने वाली देरी के पीछे की वजह बताई गई कि इस तरह की फिल्म के लिए प्रोडक्शन हाउस फंड जमा नहीं कर पा रहा है। 

ख़ैर, अब ताज़ा ख़बर यह है कि अमीश की किताब के राइट्स फिल्ममेकर संजय लीला भंसाली के पास आ गए हैं। 

एक अंग्रेज़ी अख़बार की रिपोर्ट की मानें, तो ‘मेलूहा के मृत्युंजय’ के राइट्स अब करण जौहर से लेकर संजय लीला भंसाली को दे दिए गए हैं। हालांकि, अभी तक इस ख़बर को लेकर न तो करण ने कुछ कहा है, और ना ही भंसाली और अमीश त्रिपाठी की तरफ से कोई आधिकारिक बयान आया । 

लेकिन रिपोर्ट्स की मानें, तो किताब को लेकर जो करण और अमीश में कॉन्ट्रेक्ट था, उसकी अवधि ख़त्म हो चुकी है। इसी वजह से धर्मा प्रोडक्शन ने इस किताब के राइट्स वापस कर दिए हैं। 

‘मेलूहा के मृत्युंजय’ ‘शिव’ नाम के तिब्बती लड़के की कहानी है, जो ‘मेलूहा’ नाम की जगह पर आ जाता है। 

वैसे यदि वाकई में संजय लीला भंसाली ने इस किताब पर फिल्म बनाने का फ़ैसला किया है, तो यह खुशी की बात है। क्योंकि इस तरह के विषयों के साथ संजय ही न्याय कर सकते हैं। 

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