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रानी मुखर्जी की ‘हिचकी’ या हॉलीवुड की ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’

तीन साल के ब्रेक के बाद एक बार फिर रानी मुखर्जी सिल्वर स्क्रीन पर कमबैक करने जा रही हैं। इसके लिए उनके पति आदित्य चोपड़ा ने फिल्म ‘हिचकी’ को चुना। इस फिल्म का ट्रेलर हाल ही जारी किया, जिसके बाद रानी की हर तरफ वाह-वाही होने लगी है। लेकिन, ग़ौर करने वाली बात यह है कि फिल्म ‘हिचकी’ अमेरिकन टीवी फिल्म ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ की नकल लग रही है। 

फिल्म हिचकी में रानी मुखर्जी
मुंबई। अपनी अदाकारी के लिए हिन्दी सिने जगत में ख़ास मुकाम रखने वाली रानी मुखर्जी फिल्म ‘हिचकी’ में नज़र आने वाली हैं। यशराज फिल्म्स के कर्ता-धर्ता आदित्य चोपड़ा से शादी और फिर बेटी आदिरा के होने के बाद उन्होंने ब्रेक ले लिया था। अब एक बार फिर कमर कर कर वो अभिनय में अपना लोहा मनवाने आ रही हैं। 

जब रानी ने अपने कमबैक की इच्छी पति आदित्य चोपड़ा के सामने रखी, तो उन्होंने ‘हिचकी’ को उनकी झोली में डाल दिया। इस फिल्म के लिए रानी ने काफी मेहनत भी की और अब यह यह फरवरी 2018 में सिनेमाघरों में उतरने को भी तैयार है। 

हाल ही में फिल्म का ट्रेलर जारी किया गया। इस ट्रेलर को देखने के बाद कई लोगों ने इसे अमेरिकन टीवी फिल्म ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ की कॉपी कहना शुरू कर दिया। हालांकि, दोनों ही फिल्मों के ट्रेलर में गज़ब की समानताएं भी हैं। फिर भी ट्रेलर में कहीं भी ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ को ‘क्रेडिट’ नहीं दिया गया है।

इस बात की पुष्टि फिल्म ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ के ट्विटर हैंडल पर भी की गई। इस अकाउंट से ट्वीट किया गया कि साल 2008 में आई फिल्म ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ को इंडिया में ‘हिचकी’ नाम से बनाया गया है।



बता दें कि यशराज फिल्म्स की इस ‘इंस्पायर्ड’ फिल्म में जो किरदार रानी मुखर्जी निभा रही हैं, वो किरदार ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ में जिमा वोल्क ने निभाई थी। ब्रैड कोहन के द्वारा लिखी इस फिल्म का निर्देशन पीटर वॉर्नर ने किया था। 

दिलचस्प बात यह है कि फिल्म ‘हिचकी’ के निर्देशक सिद्धार्थ पी मल्होत्रा इस फिल्म को सबसे पहले अभिषेक बच्चन के पास लेकर गए थे, लेकिन अरसे तक स्क्रिप्ट पर बैठने के बाद जूनियर बच्चन ने फिल्म करने से मना कर दिया। इसके बाद कई लोगों के पास भटकने के बाद सिद्धार्थ आखिरकार आदित्य चोपड़ा के पास पहुंचे। आदित्य को कहानी पसंद आई, लेकिन उन्होंने लीड को ‘मेल’ से ‘फीमेल’ करवा दिया। इस तरह से ‘हिचकी’ को ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ से ‘इंस्पायर्ड’ कहा जा सकता है, ‘कॉपी’ का इल्ज़ाम नहीं लगाया जा सकता। 


हिचकी और फ्रंट ऑफ द क्लास

‘हिचकी’ में रानी एक ऐसी महिला के किरदार में हैं, जो टॉरेट सिंड्रोम से ग्रसित है। यानी बोलते-बोलते ही अचानक उसके मुंह से अजीब सी आवाज़ें निकलने लगती है। अब इस ‘खामी’ के साथ वो महिला टीचर बनना चाहती है। वहीं ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ का भी हीरो टॉरेट सिंड्रोम से ग्रसित है। उसे भी टीचर ही बनना है। 

समानता के अलावा एक अंतर भी नज़र आता है। जहां ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ के हीरो की कहानी में उसके बचपन, पिता और टीचर्स की खास भूमिका है, वहीं ‘हिचकी’ की नायिका की कहानी उसके स्टूडेंट्स से जुड़ी है। 
कितना अंतर है और क्या समानता है, यह तो दोनों फिल्मों को देखने वाले को ही समझ आ सकता है। फिलहाल ‘फ्रंट ऑफ द क्लास’ तो अवेलेबल है, लेकिन ‘हिचकी’ के लिए फरवरी तक इंतज़ार कीजिए। 

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